देहरादून, 02 अक्टूबर 2025 — गांधी जयंती के ऐतिहासिक दिन पर देहरादून के जनजातीय गांवों में विकास की नई क्रांति की शुरुआत हो गई। भारत सरकार के जनजातीय कार्य मंत्रालय द्वारा शुरू की गई महत्वाकांक्षी योजना ‘आदि कर्मयोगी अभियान’ के पहले चरण में जिले के चकराता, कालसी, विकासनगर और सहसपुर विकासखंड के गांवों का चयन किया गया है।

इन गांवों में पहले ही ट्रांसेक्ट वॉक, केन्द्रित समूह चर्चाएं और पी.आर.ए. गतिविधियों के ज़रिए ग्रामवासियों की समस्याओं, जरूरतों और आकांक्षाओं को समझा गया। इसके आधार पर गांवों के लिए “विलेज एक्शन प्लान” तैयार किया गया, जिसका उद्देश्य है – जनजातीय समुदाय को सरकारी योजनाओं से सतृप्त कर, उनके जीवन में व्यापक बदलाव लाना।
आज ‘आदि सेवा पर्व’ के अवसर पर इन गांवों में विशेष ग्राम सभाएं आयोजित की गईं, जहाँ ‘ट्राइबल विलेज विजन 2030 डिक्लेरेशन’ को पारित किया गया। यह डिक्लेरेशन ग्रामीण विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक दस्तावेज साबित होगा, जो ‘विकसित भारत @ 2047’ के सपने को हकीकत में बदलने की आधारशिला बनेगा।
बैठक में ग्रामवासियों ने उत्साह और प्रतिबद्धता के साथ भाग लिया, यह दर्शाता है कि अब जनजातीय समाज सिर्फ बदलाव की प्रतीक्षा नहीं कर रहा, बल्कि स्वयं उसका नेतृत्व कर रहा है।






